हरियाली के सवाल पर अब अफसरों की सफाई जितने पेड़ काटे जाएंगे, उसके चार गुना लगाएंगे

 स्मार्ट सिटी की हरियाली व सड़कों आदि को लेकर उठे विवाद के बीच नगरीय आवास एवं विकास मंत्री जयवर्धन सिंह ने अधिकारियों से कहा है कि वे स्पष्ट रूप से बताएं कि स्मार्ट सिटी में कहां और कितना ग्रीन एरिया है। कौन सा एरिया रहवासी और कहां कमर्शियल होगा, यह साफ करें। अफसरों ने बताया कि स्मार्ट सिटी के 342 एकड़ में 23 फीसदी एरिया ग्रीन एंड ओपन रखा गया है। इसमें 11 एकड़ का आइकोनिक सेंट्रल पार्क भी होगा। नक्शे में रिक्रिएशन एरिया को ग्रीन कलर से शो करने के कारण आम लोगों को भ्रम हो रहा है। जितने पेड़ काटेंगे उसके चार गुना पेड़ स्मार्ट सिटी एरिया में ही लगाए जाएंगे। दरअसल, स्मार्ट सिटी के प्लान को रिव्यू करने के लिए मंत्री की अध्यक्षता में गठित समिति की गुरुवार को पहली बैठक हुई। इसमें रेरा चेयरमैन अंटोनी डिसा ने निर्माणाधीन सड़कों को लेकर स्टडी करने को कहा।


एबीडी में निर्माणाधीन सड़कों को लेकर नए सिरे से होगी स्टडी



  • 342 एकड़ में आकार लेगी स्मार्ट सिटी 

  • 11एकड़ में आइकोनिक सेंट्रल पार्क भी होगा।

  • 03 साल से चल रहा है स्मार्ट सिटी का काम 


30 मीटर चौड़ी ही रहेगी जवाहर चौक से रंगमहल तक की सड़क
अफसरों ने मंत्री के समक्ष फिर स्पष्ट किया कि जवाहर चौक से रंगमहल की सड़क को 45 मीटर चौड़ा करने का प्लान नहीं है। यह सड़क 30 मीटर ही चौड़ी रहेगी। इस सड़क के चौड़ीकरण में धार्मिक स्थल और दुकानों के साथ एमएलए क्वार्टर्स पर लाल निशान लगाने पर विरोध तेज हो गया था। मंत्री की अध्यक्षता में समिति का गठन किया गया था। अफसरों ने कहा कि पूरे एरिया में किसी भी धार्मिक या सामाजिक भवन को नहीं हटाया जाएगा।


दुकानों की शिफ्टिंग व सड़कों के निर्माण को लेकर मांगी जानकारी
टीटी नगर एबीडी में आज वहां कितना ट्रैफिक है और भविष्य में कितना ट्रैफिक होगा? इसका आकलन कर लिया जाए, ताकि भविष्य में कोई परेशानी न हो। बैठक में मंत्री ने स्मार्ट सिटी एरिया से दुकानों की शिफ्टिंग और सड़कों के निर्माण से लेकर पेड़ काटे जाने तक हर बिंदू पर विस्तृत जानकारी मांगी। उन्होंने स्मार्ट सिटी प्लान के प्रस्तावित नक्शे में ग्रीन एरिया 10 फीसदी से भी कम होने की बात पर भी अफसरों से सवाल पूछे।